शरण का शहर

शरण का शहर 『 तक ऐसे नगर ठहराना जो तुम्हारे लिये शरणनगर हों, कि जो कोई किसी को भूल से मार के खूनी ठहरा हो वह वहां भाग जाए। वे नगर तुम्हारे निमित्त पलटा लेने वाले से शरण लेने के काम आएंगे, कि जब तक खूनी न्याय के लिये मण्डली के साम्हने खड़ा न हो तब तक वह न मार डाला जाए। और शरण के जो नगर तुम दोगे वे छ: हों। तीन नगर तो यरदन के इस पार, और तीन कनान देश में देना; शरणनगर इतने ही रहें। ये छहों नगर इस्त्राएलियों के और उनके बीच रहने वाले परदेशियों के लिये भी शरणस्थान ठहरें, कि जो कोई किसी को भूल से मार डाले वह वहीं भाग जाए। 』(संख्या ३५: ११-१५) महायाजक की मृत्यु पापी के लिए शरण से घर लौटने का एकमात्र मौका है। पापी का गृहनगर कहाँ है? माता-पिता से मांस का घर पैदा होने का स्थान हो सकता है, लेकिन आत्मा का घर भगवान का राज्य है।『 क्योंकि मनुष्य का पुत्र खोए हुओं को ढूंढ़ने और उन का उद्धार करने आया है॥ 』(ल्यूक 19: 10)『 सो तुम जाकर इस का अर्थ सीख लो, कि मैं बलिदान नहीं परन्तु दया चाहता हूं; क्योंकि मैं धमिर्यों को नहीं परन्तु पापियों को बुलाने आया हूं॥ 』(मत्ती ९: १३) इसलिए ईसा मसीह को सूली पर चढ़ाने वाले एक महायाजक के रूप में मारा गया, ताकि जो लोग ईसा मसीह के रूप में शरण में आए, वे परमेश्वर के राज्य में वापस आ सकें।

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